March 8, 2009

खुशखबरी : कमला नेहरू प्राणि उद्यान इंदौर में सफ़ेद बाघिन सीता ने तीन शावकों को जन्म दिया |


<><><>(कमल सोनी)<><><> वन्य प्राणियों और उनके संरक्षण के प्रति जागरुक और रुची रखने वालों के लिए यह खबर दिल को सोकूं देने वाली है जब मुझे यह खबर मिली तो मुझे भी बेहद हर्ष हुआ मध्यप्रदेश के इंदौर में पहली बार कमला नेहरू प्राणि उद्यान में एक सफेद बाघिन ने तीन शावकों को जन्म देकर वन्य प्रेमियों में खुशी की लहर फैला दी है। आधिकारिक सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार सफेद बाघिन सीता ने कल रात तीन शावकों को जन्म दिया। लगातार विलुप्त होती वन्यप्राणियों की संख्या तथा तेज़ी से घटती सफ़ेद बाघों की संख्या के बीच इस खबर से कमला नेहरू प्राणी उद्यान इंदौर में खुशी की लहर दौड़ गई सीता को पिछले वर्ष मई में औरगांबाद से यहां लाया गया था। तीनों शावक स्वस्थ हैं। जानकारी मिली है की इंदौर के प्राणी उद्यान में करीब 14 वर्षा बाद शावकों ने जन्म लिया है। उन्होंने बताया कि सफेद बाघों की यह प्रजाति विलुप्ति होने की कगार पर हैं और ऐसे में तीन सफेद बाघों का जन्म लेना हर्ष की बात है। ऐसा मध्य प्रदेश में पहली बार हुआ है। इससे पूर्व भी बाघों की घटती संख्या पर लगाम कसने वन विहार भोपाल और पन्ना टाइगर रिसर्व काफी समय से प्रयासरत हैं इसी तारतम्य में वन विहार भोपाल में वन्यप्राणियों के संरक्षण तथा उनके प्रति आमजनमानस में रुची लाने के उद्देश्य से "वन्य प्राणी एडाप्शन योजना" चलाई गई है यह योजना भी खासी लोकप्रिय होती रही है दूसरी और पन्ना टाइगर रिसर्व भी घटते बाघों के लेकर चिंतित है जिसके लिए पन्ना में एक मात्र बाघिन के लिए दुल्हन ली गई है शेर के लिए नै दुल्हन शेरनी को बांधवगढ राष्ट्रीय उद्यान से पन्ना नेशनल पार्क टाईगर रिजर्व में लाया गया है ताकि बाघों की संख्या में इजाफा हो सके इसके अलावा पन्ना में एक और बाघिन लाने की दिशा में प्रयास किये जा रहे हैं दूसरी बाघिन कान्हा राष्ट्रीय उद्यान से लाइ जायेगी बहरहाल वन्य प्राणियों की निरंतर घटती संख्या के मद्देनज़र यह खबर बेहद खुश करने वाली तो है ही लेकिन वन्य प्राणियों को संरक्शान दिया जाना बेहद आवश्य है साथ ही उनके अवैध शिकार पर भी रोकथाम लगाने की आवश्यकता है

3 comments:

रंजन said...

बधाई.. एक आध ताऊ के पास भिजवादें रामप्यारी के असिस्टेंट पद पर..;)

Archana said...

बहुत दिनॊ से चिडियाघर नही गई हूँ , अछ्छी खबर दी आपने ,जल्दी ही जाउंगी देखने ।

प्रेम सागर सिंह said...

बन्दी अवस्था प्रजनन एक कठिन कार्य है। मेरी तरफ से चिड़ियाघर प्रबन्धन को बहुत-बहुत धन्यवाद एवं आपको आभर।